कथन
Will the Minister of COMMUNICATIONS be pleased to state: (a) the major initiatives undertaken by the Department of Posts (DoP) in the parcel and e- commerce segment including tie-ups with major e- commerce platforms and logistics providers; (b) the details of the growth registered in parcel traffic and revenue during the last three years, particularly for Karnataka and Bengaluru; (c) whether DoP has assessed impact on revenue generation and if so, the details thereof; (d) the steps taken to strengthen logistics infrastructure such as parcel hubs, automated sorting centres, last-mile delivery and digital tracking systems in major urban centres like Bengaluru; (e) whether instances of parcel-related frauds, thefts or misuse of postal channels for illegal activities have been reported in recent years and if so, the details thereof particularly for Karnataka; and (f) the measures taken by the Government to enhance security screening, digital tracking, verification and grievance redressal mechanisms to prevent such crimes and ensure safe and reliable parcel delivery? 11.03.2026 464 THE MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF RURAL DEVELOPMENT; AND MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF COMMUNICATIONS (DR. CHANDRA SEKHAR PEMMASANI): (a) : The Department of Posts (DoP) has undertaken several initiatives in the parcel and e-commerce segment to transform into a major public logistics organisation and strengthen services nationwide. These include modernization of the parcel processing and delivery ecosystem to enhance speed, reliability, and customer experience through standardized systems across the country. Last-mile delivery has been strengthened through Nodal Delivery Centres for mechanized and dedicated parcel delivery. Under the Advanced Postal Technology (APT) 2.0 project, real-time delivery updates, one time password (OTP)-based delivery, and Application Programming Interface (API) integration with e-commerce partners have been introduced. The Mail and Parcel Optimization Project (MPOP) has enabled end-to-end process optimization through standardized workflows and real-time tracking. The Department has also partnered with major e-commerce and logistics companies and is providing parcel delivery services for several Government Ministries, including the Ministry of Micro Medium and Small Enterprises (MSME). Dak Niryat Kendras (DNKs) have been established to support exports by MSMEs, artisans, self-help groups, and small businesses, particularly in rural and semi-urban areas. Additionally, DoP has entered into strategic partnerships with major e-commerce players such as Amazon, Shiprocket, Decathlon, ONDC etc. (b) : Details of the growth registered in parcel traffic and revenue during the 11.03.2026 465 last three years particularly for Karnataka and Bengaluru are furnished below. Traffic count in crore and revenue in ₹crore F.Y Domestic Parcel Traffic Domestic Parcel Revenue Parcel Traffic (Karnataka Circle) Parcel Revenue (Karnataka Circle) Parcel Traffic (Bengaluru Region) Parcel Revenue (Bengaluru Region) 2022- 23 4.32 620.01 0.45 58.00 0.11 17.56 2023- 24 5.78 755.47 0.30 50.00 0.27 31.22 2024- 25 7.12 656.94 0.39 50.00 0.19 29.77 (c) : Yes, Sir. Consequent to the reforms undertaken by DoP in the parcel and e-commerce sector, the parcel revenue has gone up from Rs. 755.47 Cr. to Rs. 802.11 Cr. in the last three years [2023-24 to 2025-26 (February)] (d) : Under the MPOP, Business Process Re-engineering (BPR) to redesign workflows and improve efficiency has been completed. Rationalization of its parcel hub network, delivery centers and road transport network across the country has been finalized, which is aligned with the growing parcel and e- commerce industry. This is supported by APT 2.0 for real time tracking and digital integration. These initiatives are applicable pan-India, including Bengaluru. (e) : There have been no reported instances of parcel-related frauds or thefts in the Karnataka Postal Circle. One case of misuse of the postal channel was reported in the Bengaluru HQ Region regarding an article containing “Hydro Ganja” from Netherlands. A detailed enquiry was conducted by the Karnataka 11.03.2026 466 Postal Circle and no lapse was found on the part of the Department. (f) : Several measures to enhance security and prevent transport of contraband items through the postal channel have been taken. These include issuing guidelines, conducting training programs for staff, displaying lists of prohibited items in post offices. The Department has issued KYC instructions and mandated self-attested identity proof for international articles. Customer declaration forms for domestic parcel consignments and customs declaration forms and KYC for international parcel consignments are made mandatory. All parcels are now classified as accountable articles to enable tracking services. रेलवे सुर±ा और दुघªटना िनवारण पहल 3048. डॉ. राजकुमार सांगवान: ³या रेल मंýी यह बताने कì कृपा कर¤गे िक: (क) िवगत चार वषŎ और वतªमान वषª के दौरान हòई कुल रेल दुघªटनाओं कì सं´या और इन दुघªटनाओं के कारण हòई मौतŌ और हताहतŌ कì सं´या िकतनी है; (ख) सरकार Ĭारा रेल सुर±ा अवसंरचना को बढ़ाने और रेल दुघªटनाओं को रोकने के िलए उठाए गए िविशĶ कदमŌ का Êयौरा ³या है और इन कदमŌ के िलए िकतना िव°ीय पåरÓयय िकया गया है; (ग) महÂवपूणª संर±ा पåरसंपि°यŌ के उÆनयन के उĥेÔय से इस िनिध के अंतगªत कुल आवंटन, अब तक िकए गए Óयय और िव°पोिषत िविशĶ पåरयोजनाओं सिहत राÕůीय रेल सुर±ा िनिध का Êयौरा ³या है; (घ) िवगत तीन वषŎ और चालू वषª के दौरान रेल सुर±ा मानकŌ म¤ हòए ÿमुख सुधारŌ का Êयौरा ³या है; और (ङ) िवगत पांच वषŎ के दौरान वेÐड फेÐयोर और रेल Āै³चर का Êयौरा और उनकì सं´या 11.03.2026 467 िकतनी है और उ¸च गुणव°ा वाली रेल, लंबे रेल पैनलŌ और दोष का पता लगाने वाले अÐůासोिनक परी±ण सिहत पटåरयŌ के अनुर±ण का िवÖतार करने के िलए ³या कदम उठाए गए ह§? रेल मंýी; सूचना और ÿसारण मंýी; तथा इले³ůॉिनकì और सूचना ÿौīोिगकì मंýी (®ी अिÔवनी वैÕणव): (क) से (ङ) : भारतीय रेल म¤ संर±ा को सवō¸च ÿाथिमकता दी जाती है। िपछले कुछ वषŎ म¤ िकए गए िविभÆन संर±ा उपायŌ के पåरणामÖवłप, दुघªटनाओं कì सं´या म¤ भारी िगरावट आई है। पåरणामी रेलगाड़ी दुघªटनाओं कì सं´या कम हो गई है जैसा िक नीचे तािलका म¤ दशाªया गया है: वषª पåरणामी दुघªटनाएं 2014-15 135 2025-26 (28.02.2026 तक) 14 (90% कì कमी) रेलगाड़ी पåरचालन म¤ संर±ा म¤ सुधार दशाªने वाला एक अÆय महÂवपूणª सूचकांक पåरणामी दुघªटना सूचकांक है, िजसका Êयौरा िनÌनानुसार है: पåरणामी दुघªटना सूचकांक:- वषª दुघªटना सूचकांक 2014-15 0.11 2024-25 0.03 (73% कì कमी) यह सूचकांक सभी रेलगािड़यŌ के कुल चालन िकलोमीटर के अनुपात के łप म¤ पåरणामी दुघªटनाओं कì सं´या को मापता है। दुघªटना सूचकांक = पåरणामी दुघªटनाओं कì सं´या रेलगािड़यŌ कì सं´या x िमिलयन िकलोमीटर चालन 11.03.2026 468 भारतीय रेल पर पåरणामी रेल दुघªटनाएं और उसम¤ हताहतŌ कì सं´या (रेल यािýयŌ और रेल किमªयŌ सिहत) िनÌनानुसार ह§:- अविध पåरणामी रेल दुघªटनाओं कì सं´या मृतकŌ कì सं´या घायलŌ कì सं´या 2004-05 से 2013-14 तक 1,711 904 3,155 2014-15 से 2023-24 तक 678 748 2,087 2024-25 31 18 92 रेलगाड़ी पåरचालन म¤ रेलपथ अनुर±ण सिहत संर±ा का संवधªन करने के िलए िकए गए िविभÆन संर±ा संबंधी उपाय िनÌनानुसार ह§:- भारतीय रेल म¤ िपछले कुछ वषŎ म¤ संर±ा संबंधी कायªकलापŌ पर Óयय को बढ़ाया गया है, जो िनÌनानुसार है:- 234 165 135 55 31 14 2005-06 2009-10 2014-15 2019-20 2024-25 2025-26 (Feb 2026) पǐरणामी रेल दुघ[टनाओं कȧ संÉया 11.03.2026 469 संर±ा संबंधी कायªकलापŌ पर Óयय/बजट (करोड़ Ł. म¤) 2013-14 2022-23 2023-24 2024-25 2025-26 2026-27 39,200 87,336 1,01,662 1,14,022 1,17,693 1,20,389 मानवीय चूक के कारण होने वाली दुघªटनाओं को कम करने के िलए, 28.02.2026 कì िÖथित के अनुसार 6,665 रेलवे ÖटेशनŌ पर कांटŌ एवं िसगनलŌ के क¤þीकृत पåरचालन के साथ िवīुत/इले³ůॉिनक अंतपाªशन ÿणाली कì ÓयवÖथा कì गई है। समपार रेलफाटकŌ पर संर±ा का संवधªन करने के िलए, 28.02.2026 कì िÖथित के अनुसार 10,153 समपार रेलफाटकŌ पर अंतपाªशन कì ÓयवÖथा कì गई है। संर±ा का संवधªन करने के िलए 28.02.2026 कì िÖथित के अनुसार 6,669 रेलवे ÖटेशनŌ पर िवīुत साधनŌ Ĭारा रेलपथ अिधभोिगता के सÂयापन Ĭारा रेलवे ÖटेशनŌ के पूणª रेलपथ पåरपथन कì ÓयवÖथा कì गई है। भारतीय रेल ने Öवदेशी łप से िवकिसत Öवचािलत रेलगाड़ी सुर±ा ÿणाली को लागू करने का िनणªय िलया है, िजसके िलए उ¸चतम Öतर के संर±ा ÿमाणन (एसआईएल 4) कì आवÔयकता थी। कवच को जुलाई 2020 म¤ राÕůीय एटीपी ÿणाली के łप म¤ अपनाया गया था। Óयापक और िवÖतृत परी±णŌ के बाद, कवच संÖकरण 4.0 को उ¸च घनÂव वाले िदÐली-मुंबई और िदÐली-हावड़ा मागŎ को कवर करते हòए, 1452 मागª िकलोमीटर पर सफलतापूवªक चालू िकया गया है। िदÐली-मुंबई मागª पर कवच संÖकरण 4.0 को जं³शन केिबन-पलवल-मथुरा-नागदा रेलखंड (667 मागª िकलोमीटर) एवं वडोदरा-िवरार खंड (336 मागª िकलोमीटर) और वडोदरा-अहमदाबाद खंड (96 मागª िकलोमीटर) पर कमीशन िकया गया है तथा िदÐली-हावड़ा मागª पर कवच संÖकरण 4.0 को गया-सरमाटांड़ खंड (93 मागª िकलोमीटर) और छोटा अमबोना-बĦªमान हावड़ा रेलखंड (105 मागª िकलोमीटर) 11.03.2026 470 पर कमीशन िकया गया है। इसके अलावा, भारतीय रेल के सभी जी³यू, जीडी, एचडीएन और िचिĹत रेलखंडŌ को कवर करते हòए 24,427 मागª िकलोमीटर पर कवच के रेलपथ साइड कायŎ का कायाªÆवयन ÿारंभ िकया गया है। िसगनल ÿणाली कì संर±ा से संबंिधत मुĥŌ जैसे अिनवायª समłपता जांच, पåरवतªन कायª ÿोटोकॉल, समापन आरेखण तैयार करने आिद के संबंध म¤ िवÖतृत अनुदेश जारी िकए गए ह§। ÿोटोकॉल के अनुसार िसगनल एवं दूरसंचार उपÖकरŌ के िलए िडÖकने³शन और åरकने³शन ÿणाली पर पुनः बल िदया गया है। लोको पायलटŌ कì सतकª ता म¤ सुधार लाने के िलए सभी रेल इंजनŌ म¤ सतकªता िनयंýण उपकरण (वीसीडी) लगाए गए ह§। माÖट पर रेůो-åरÉलेि³टव िसμमा बोडª उपलÊध कराए जाते ह§, जो िवīुतीकृत ±ेýŌ म¤ िसगनलŌ से दो िशरोपåर उपÖकर माÖट से पहले मौजूद होता है तािक कोहरे के मौसम के कारण ŀÔयता कम होने पर चालकदल को आगे मौजूद िसगनल के बारे म¤ सचेत िकया जा सके। कोहरे से ÿभािवत ±ेýŌ म¤ लोको पायलटŌ के िलए जीपीएस आधाåरत फॉग सेÉटी िडवाइस (एफएसडी) उपलÊध कराया जाता है जो लोको पायलटŌ को अगले थलिचĹŌ यथा िसगनल, समपार रेलफाटकŌ आिद कì दूरी जानने म¤ समथª बनाते ह§। ÿाथिमक रेलपथ नवीकरण करते समय आधुिनक रेलपथ संरचना इÖतेमाल कì जा रही है िजसम¤ 60 िकलोúाम, 90 चरम तÆय सामÃयª पटåरयां, लचीले जुड़नारŌ के साथ ÿीÖůेÖड कंøìट Öलीपर (पीएससी) सामाÆय/चौड़ा आधार Öलीपर, पीएससी ÖलीपरŌ पर पंखानुमा िवÆयास के टनªआउट, गडªर पुलŌ पर Öटील चैनल/एच-बीम Öलीपर शािमल ह§। मानवीय ýुिटयŌ का Æयूनीकरण करने के िलए पी³यूआरएस, टीआरटी, टी-28 आिद जैसी 11.03.2026 471 रेलपथ मशीनŌ के उपयोग Ĭारा रेलपथ िबछाने कì गितिविधयŌ का यांिýकìकरण। रेलपथ नवीकरण कì ÿगित बढ़ाने और जोड़Ō के वेÐडन से बचने के िलए 130 मीटर/260 मीटर लंबे पटरी पैनलŌ कì आपूितª को अिधकतम करना, िजसके Ĭारा संर±ा म¤ सुधार होता है। दोष का पता लगाने और दोषपूणª पटåरयŌ को समय पर हटाने के िलए पटåरयŌ का परा®Óय दोष संसूचन परी±ण (यूएसएफडी)। अिधक लंबी पटåरयां िबछाना, एÐयूिमनो थिमªक वेÐडन के उपयोग को कम करना और पटåरयŌ के िलए बेहतर वेÐडन तकनीक अथाªत Éलैश बट वेÐडन को अपनाना। ओएमएस (दोलन िनगरानी ÿणाली) और टीआरसी (रेलपथ अिभलेखी यानŌ) Ĭारा रेलपथ भूिमित कì िनगरानी। वेÐडन/पटåरयŌ कì दरारŌ का पता लगाने के िलए रेल पटåरयŌ पर गÔत लगाना। टनªआउट नवीकरण कायŎ म¤ िथक वेब िÖवच और वेÐडन योμय सीएमएस पारणŌ का उपयोग। संर±ा पĦितयŌ के अनुपालन के िलए कमªचाåरयŌ कì िनगरानी और जागłक करने हेतु िनयिमत अंतराल पर िनरी±ण िकए जाते ह§। रेलपथ पåरसंपि°यŌ कì वेब आधाåरत ऑनलाइन िनगरानी ÿणाली अथाªत युिĉसंगत अनुर±ण आवÔयकता का िनणªय लेने और साधन-सामúी को इĶतम बनाने के िलए रेलपथ डेटाबेस और िनणªय सहायता ÿणाली को अपनाया गया है। रेलपथ कì संर±ा संबंधी मुĥŌ अथाªत् एकìकृत Êलॉक, गिलयारा Êलॉक, कायªÖथल संर±ा, मानसून पूवōपाय आिद के संबंध म¤ िवÖतृत अनुदेश जारी िकए गए ह§। रेलगािड़यŌ का संरि±त पåरचालन सुिनिIJत करने के िलए रेल पåरसंपि°यŌ (सवारी िडÊबŌ एवं मालिडÊबŌ) का िनवारक अनुर±ण िकया जाता है। 11.03.2026 472 पारंपåरक सिडका िडजाइन के रेल िडÊबŌ को एलएचबी िडजाइन के रेल िडÊबŌ से बदला जा रहा है। जनवरी 2019 तक बड़ी लाइन मागª पर िबना चौकìदार वाले सभी समपारŌ को समाĮ कर िदया गया है। पुलŌ का िनयिमत िनरी±ण करके रेल पुलŌ कì संर±ा सुिनिIJत कì जाती है। इन िनरी±णŌ के दौरान आंकì गई दशाओं के आधार पर पुलŌ कì मरÌमत/पुनÖथाªपन कायª िकया जाता है। भारतीय रेल ने सभी सवारी िडÊबŌ म¤ यािýयŌ कì Óयापक सूचना के िलए सांिविधक “अिμन सूचनाएं” ÿदिशªत कì गई ह§। ÿÂयेक सवारी िडÊबे म¤ आग संबंधी पोÖटर लगाए गए ह§ तािक यािýयŌ को आग लगने कì रोकथाम करने के िलए ‘³या कर¤’ और ‘³या न कर¤’ के बारे म¤ िशि±त और सचेत िकया जा सके। इसम¤ सवारी िडÊबŌ के भीतर ºवलनशील वÖतुएँ, िवÖफोटकŌ को नहé ले जाने, धूăपान नहé करने, जुमाªना आिद से संबंिधत संदेश शािमल ह§। उÂपादन इकाइयां नविनिमªत पावर कारŌ और रसोई यानŌ म¤ आग संसूचन एवं शमन ÿणाली तथा नविनिमªत सवारी िडÊबŌ म¤ आग एवं धूă संसूचन ÿणाली उपलÊध करा रही ह§। ±ेýीय रेलŌ Ĭारा मौजूदा सवारी िडÊबŌ म¤ चरणबĦ िविध से उ°रो°र िफटम¤ट िकया रहा है। कमªचाåरयŌ को िनयिमत परामशª और ÿिश±ण िदया जा रहा है। िदनांक 30.11.2023 कì राजपý अिधसूचना के तहत भारतीय रेल (चािलत लाइन) सामाÆय िनयम म¤ चलायमान Êलॉक ÿÂयय कì शुłआत िकया गया था, िजसम¤ चलायमान आधार पर अिúम म¤ 52 सĮाह तक पåरसंपि°यŌ के एकìकृत अनुर±ण/मरÌमत/ÿितÖथापन के कायª कì योजना बनाई जाती है और योजना के अनुसार िनÕपािदत िकया जाता है। 11.03.2026 473 रेलवे Ĭारा िकए गए बेहतर अनुर±ण पĦितयŌ, ÿौīोिगकìय सुधारŌ, बेहतर अवसंरचना और चल Öटॉक आिद के संबंध म¤ संर±ा संबंधी कायŎ का Êयौरा िनÌनानुसार सारणीबĦ है:- ø.सं. मद 2004-05 से 2013-14 2014-15 से 2024-25 2004-14 कì तुलना म¤ 2014- 25 ÿौīोिगकìय सुधार 1. उ¸च-गुणव°ा वाली पटåरयŌ का उपयोग (60 िकलोúाम) (िकलोमीटर) 57,450 िकलोमीटर 1.43 लाख िकलोमीटर 2 गुना से अिधक 2. अिधक लंबी रेल पटåरयां (260 मीटर) (िकलोमीटर) 9,917 िकलोमीटर 77,522 िकलोमीटर लगभग 8 गुना 3. इले³ůोिनक अंतपाªशन (रेलवे Öटेशन) 837 Öटेशन 3,691 Öटेशन 4 गुना से अिधक 4. कोहरा पास संर±ा उपकरण (अदद) 31.03.14 तक 90 अदद 31.03.25 तक 25,939 288 गुना 5. िथक वेब िÖवच (अदद) शूÆय 28,301 अदद बेहतर अनुर±ण पĦितयां 1. ÿाथिमक रेल नवीकरण (रेलपथ िकलोमीटर) 32,260 िकलोमीटर 49,941 िकलोमीटर 1.5 गुना 2. यूएसएफडी (परा®Óय दोष संसूचन) वेÐडन परी±ण (अदद) 79.43 लाख 2 करोड़ 2 गुना से अिधक 3. वेÐडन कì खरािबयां (अदद) 2013-14 म¤: 3699 अदद 2024-25 म¤: 370 अदद 90% कमी 4. पटåरयŌ म¤ दरार¤ (अदद) 2013-14 म¤: 2548 अदद 2024-25 म¤: 289 अदद 88% से ºयादा कमी बेहतर अनुर±ण पĦितयां 1. जोड़े गए नए रेलपथ िकलोमीटर (रेलपथ िकलोमीटर) 14,985 िकलोमीटर 34,428 िकलोमीटर 2 गुना से अिधक 2. Éलाईओवर (आरओबी)/ अंडरपास (आरयूबी) (अदद) 4,148 अदद 13,808 अदद 3 गुना से अिधक 3. बड़ी लाइन पर िबना चौकìदार वाले समपार (अदद) 31.03.14 तक: 8948 31.03.24 तक: शूÆय (31.01.19 तक सभी समाĮ कर िदए गए) समाĮ कर िदए गए 4. एलएचबी सवारी िडÊबŌ का िविनमाªण (अदद) 2,337 अदद 42,677 18 गुना से अिधक 11.03.2026 474 SHARE OF RENEWABLE ENERGY IN RAJASTHAN 3049. SHRI DUSHYANT SINGH: Will the Minister of NEW AND RENEWABLE ENERGY be pleased to state: (a) the current share of renewable energy in Rajasthan’s installed capacity and generation mix, source-wise including solar, wind, biomass and small hydro; (b) the capacity of commissioned transmission systems in the said State for evacuation of renewable energy along with the details of Inter-State Transmission (ISTS) and Intra-State Transmission System (InSTS) projects and the renewable capacity already integrated and under implementation; (c) the present status of Phase-I of the Inter-State Transmission Line under the Green Energy Corridor; (d) the extent to which Battery Energy Storage Systems (BESS) are being integrated at grid and project levels to address intermittency and enhance grid stability; and (e) the roadmap for further strengthening transmission and storage infrastructure to support Rajasthan’s role in India’s renewable energy targets for the year 2030? THE MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF POWER; AND MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF NEW AND RENEWABLE ENERGY (SHRI SHRIPAD YESSO NAIK): (a): As on 31.01.2026, the total installed power capacity in the State of 11.03.2026 475 Rajasthan is 57,424.89 MW out of which renewable energy installed capacity is 43,798.06 MW (i.e. 76.27%) which includes 37,925.04 MW solar power, 5229.15 MW wind power, 136.15 MW biomass power, and 23.85 MW small hydro power. (b): As per the information received from Ministry of Power, the details of Inter State Transmission System (ISTS) under Tariff based competitive bidding (TBCB) Mode and Intra State Transmission System (InSTS) commissioned, and under implementation transmission projects in the State of Rajasthan are given as under: (i) ISTS: 6623 ckm (circuit kilometres) of transmission line along with 7500 MVA (Mega Volt-Ampere) of transformation capacity (220 kV and above) has been commissioned. 16522 ckm of transmission line along with 100000 MVA of transformation capacity (220 kV and above) is under implementation. (ii) InSTS: 24343 ckm of transmission line along with 64770 MVA of transformation capacity (220 kV and above) has been commissioned. 4152 ckm of transmission line along with 15335 MVA of transformation capacity (220 kV and above) is under implementation. (c) : There is no Inter-State Transmission System project under GEC Phase-I in the State of Rajasthan. (d) : As per the information received from Rajasthan Renewable Energy 11.03.2026 476 Corporation Limited (RRECL), in Rajasthan, 6000MWh standalone Battery Energy Storage Systems (BESS) with solar project has been awarded. (e): Ministry of Power has informed that addition of transmission system is constantly being implemented and planned in the ISTS and intra-state network in Rajasthan for evacuation of renewable energy from the projects located in the State of Rajasthan. Intra-state transmission system (InSTS): Rajasthan Rajya Vidyut Prasaran Nigam Limited (RVPN) (State Transmission Utility in Rajasthan) is implementing 659 ckm of transmission lines and 2191 MVA capacity substations for evacuation of renewable energy of 2478 MW capacity in the State under Green Energy Corridor Intra-State Transmission System Phase-II (GEC-II InSTS) scheme. Inter-State transmission system (ISTS): To facilitate renewable energy evacuation, the transmission system for evacuation of 73 GW renewable energy capacity from Rajasthan has been planned and it is in various stages of implementation. The details of transmission schemes are given below: i. Transmission system for Ultra-Mega Solar Power Projects (2.5 GW) – Commissioned ii. Transmission system under Phase-I REZ (8.9 GW) – Commissioned iii. Transmission system under Phase-II SEZ (8.1 GW) – Part Commissioned iv. Transmission system under Phase-III REZ (20 GW) – Under implementation 11.03.2026 477 v. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-IV (Part-1: 7.7GW) (Bikaner Complex) – Under Implementation vi. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-IV (Part-2: 5.5 GW) (Jaisalmer/Barmer Complex) – Under Implementation vii. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-IV (Part-3: 6 GW) (Bikaner Complex) – Under Implementation viii. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-IV (Part-4: 3.5 GW) (Fatehgarh/Barmer Complex) – Under implementation ix. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-V (Part-1: 4 GW) [Sirohi/Nagaur] Complex – Under Implementation x. Transmission system for evacuation of power from Rajasthan REZ Ph-IV (Part-5: 6 GW) [Barmer Complex] Barmer-II: 6 GW (Solar) (LCC Configuration) - Under Bidding रेल कौशल िवकास योजना 3050. ®ी धम¥Æþ यादव: ³या रेल मंýी यह बताने कì कृपा कर¤गे िक: (क) ³या रेलवे के आधुिनकìकरण और कवच जैसी नई ÿौīोिगिकयŌ को Åयान म¤ रखते हòए अनुसूिचत जाित, अनुसूिचत जनजाित और अÆय िपछड़ा वगª के युवाओं के िलए कोई 11.03.2026 478 िविशĶ कौशल िवकास और ÿमाणन कायªøम कायाªिÆवत िकए जा रहे ह§ और यिद हां, तो तÂसंबंधी Êयौरा ³या है; (ख) िवगत तीन वषŎ के दौरान िविभÆन रेलवे जोन म¤ “रेल कौशल िवकास योजना” के अंतगªत उĉ समुदायŌ के िकतने ÿिश±ुओं को रोजगार िमला है; (ग) एमएसएमई नीित के अंतगªत रेलवे िनिवदाओं म¤ उĉ ®ेिणयŌ के उīिमयŌ और ठेकेदारŌ को ÿदान कì जा रही िव°ीय åरयायतŌ और छूटŌ (जैसे ईएमडी छूट) कì वतªमान िÖथित ³या है; और (घ) इन समुदायŌ के िवøेताओं को कुल िकतने ठेके िदए गए ह§ और उनका िव°ीय मूÐय ³या है और सरकार Ĭारा उनकì भागीदारी बढ़ाने के िलए ³या नई पहल कì गई है? रेल मंýी; सूचना और ÿसारण मंýी; तथा इले³ůॉिनकì और सूचना ÿौīोिगकì मंýी (®ी अिÔवनी वैÕणव): (क) से (घ) : भारतीय रेल म¤ एक Óयापक ÿिश±ण पाåरिÖथितकì तंý है, जो रेल कमªचाåरयŌ के कौशल िवकास, पुनकŐशल िवकास और उÆनत कौशल िवकास सुिनिIJत करने के िलए कैåरयर के िविभÆन चरणŌ म¤ ÿिश±ण Óयव सुिवधाओं कì िविभÆन िÖथितयां ÖपĶ करती है। इसे संभव बनाने के िलए, भारतीय रेल ने ±ेýीय रेलŌ और उÂपादन इकाइयŌ म¤ ÿिश±ण क¤þŌ के łप म¤ िवÖतृत अवसंरचना िवकिसत कì है। सभी नए भतê िकए गए या पदोÆनत कमªचाåरयŌ को चाहे उनकì ®ेणी (अ.जा./अ.ज.जा./अ.िप.व./ सामाÆय आिद) कुछ भी हो। उनके कैåरयर के िविभÆन चरणŌ म¤ एक ही संरिचत ÿिश±ण Āेमवकª से गुजरना होता है, इसम¤ नई भतê के िलए आरंिभक ÿिश±ण, पदोÆनित ÿिश±ण, पुनIJयाª ÿिश±ण और िवशेष ÿिश±ण (जैसे 'कवच' जैसी नई तकनीकŌ पर ÿिश±ण आिद) शािमल ह§, जो उनके कायª ±ेýŌ से संबंिधत ह§। ÿिश±ण मानक और अवसर सभी कमªचाåरयŌ के िलए समान ह§, िजससे िविभÆन ®ेिणयŌ के रेल किमªयŌ के कौशल िवकास और ±मता िनमाªण म¤ समानता सुिनिIJत होती है और रेल कमê आधुिनक, तकनीकì-गहन पåरचालन के िलए आवÔयक कौशल से समथª होते ह§। 11.03.2026 479 इसके अलावा, भारतीय रेल िश±ुता अिधिनयम, 1961 के ÿावधानŌ के अंतगªत अपने िविभÆन संÖथानŌ जैसे उÂपादन इकाइयŌ, कारखानŌ, लोको शेड, सवारी एवं मालिडÊबा िडपो आिद म¤ ÿिश±ु ÿिश±ण कायªøम भी संचािलत करती है, िजससे सभी ®ेिणयŌ के Öथानीय युवाओं के कौशल िवकास म¤ सहयोग िमलता है। इन कायªøमŌ म¤ भाग लेने से, सभी ®ेिणयŌ के युवा नए ÿकार के कौशल ÿाĮ करते ह§, िजससे उनकì रोजगार योμयता और उīिमता ±मता बढ़ती है। ÿÂयेक िनिदªĶ ůेड के िलए ÿिश±ण ÖथानŌ म¤ अ.जा./अ.ज.जा. के िलए आर±ण िश±ुता िनयम, 1992 के ÿावधानŌ के अनुसार है। साथ ही, युवाओं के रोजगार ±मता बढ़ाने और उīिमता को बढ़ावा देने के उĥेÔय से, भारतीय रेल ने ‘रेल कौशल िवकास योजना’ शुł कì है, जो देशभर म¤ फैले ±ेýीय रेलŌ और उÂपादन इकाइयŌ के 103 ÿिश±ण क¤þŌ पर, 16 तकनीकì ůेडŌ को शािमल करने वाला एक अिखल-भारतीय ÿवेश-Öतरीय कौशल िवकास कायªøम है। इस योजना ने अ.जा./अ.ज.जा./अ.िप.व. वगŎ से पयाªĮ भागीदारी ÿाĮ कì है। सूàम, लघु और मÅयम उīम मंýालय (एमओएमएसएमई), भारत सरकार के सूàम और लघु उīमŌ (एमएसईएस) Ĭारा िनिमªत माल और ÿद° सेवाओं के िलए åरयायत व छूट (जैसे ईएमडी) सिहत सावªजिनक खरीद नीित के कायाªÆवयन के िलए िजÌमेदार नोडल मंýालय है, भारतीय रेल ने अपनी ÿापण ÿिøया म¤ इस नीित को अपनाया और लागू िकया है। अ.जा./अ.ज.जा. ÖवािमÂव वाले सूàम और लघु उīमŌ से खरीद इस ÿकार है: िव°ीय वषª संिवदाओं कì सं´या मूÐय (₹ लाख म¤) 2024-25 55 784.29 2025-26 (अब तक) 60 5452.71 अंÂयोदय अÆन योजना 3051. ®ी बाबू िसंह कुशवाहा: ®ी नीरज मौयª: ³या उपभोĉा मामले, खाī और सावªजिनक िवतरण मंýी यह बताने कì कृपा कर¤गे िक: 11.03.2026 480 (क) उ°र ÿदेश के बरेली, बदायूं, शाहजहांपुर, जौनपुर, एटा और कासगंज िजलŌ म¤ अंÂयोदय अÆन योजना और पाý गृहÖथी ®ेिणयŌ के तहत वतªमान म¤ पंजीकृत राशन काडª धारकŌ कì कुल सं´या िकतनी है; (ख) िपछले पांच वषŎ के दौरान उĉ िजलŌ म¤ पहचाने गए अपाý लाभािथªयŌ कì सं´या िकतनी है और सरकार Ĭारा ऐसे लाभािथªयŌ के िवŁĦ ³या कारªवाई कì गई है तथा दोषी उिचत दर दुकान डीलरŌ और िवभागीय अिधकाåरयŌ के िवŁĦ ³या दंडाÂमक उपाय/कदम उठाए गए ह§; (ग) उĉ अविध के दौरान उĉ िजलŌ म¤ िनलंिबत, िनरÖत या काली सूची म¤ डाली गई उिचत दर दुकानŌ का Êयौरा ³या है और सं´या िकतनी है; (घ) ³या सावªजिनक िवतरण ÿणाली कì िनगरानी म¤ सांसदŌ, िवधायकŌ और úाम ÿधानŌ जैसे जन ÿितिनिधयŌ के िलए कोई औपचाåरक भूिमका पåरभािषत कì गई है; (ड.) ³या जन ÿितिनिधयŌ को सावªजिनक िव°ीय ÿबंधन ÿणाली या िकसी अÆय तंý के माÅयम से पाý वंिचत पåरवारŌ को शािमल करने कì िसफाåरश करने का अिधकार है; और (च) यिद हां, तो तÂसंबंधी Êयौरा ³या है? उपभोĉा मामले, खाī और सावªजिनक िवतरण मंýालय म¤ राºय मंýी (®ीमती िनमुबेन जयंतीभाई बांभिणया): (क) : उ°र ÿदेश के बरेली, बदायूं, शाहजहाँपुर, जौनपुर, एटा और कासगंज िजलŌ म¤ राÕůीय खाī सुर±ा अिधिनयम, 2013 (एनएफएसए) के तहत पंजीकृत राशन काडŎ का ®ेणीवार Êयौरा िनÌनानुसार है:- िजला अंÂयोदय अÆन योजना (एएवाई) ÿाथिमकता वाले पåरवार (पीएचएच) बरेली 99,596 6,89,068 बदायूं 45,187 5,18,790 शाहजहाँपुर 37,847 5,58,718 कासगंज 27,592 2,23,303 जौनपुर 1,25,473 7,14,972 11.03.2026 481 एटा 26,491 2,86,709 (ख) : उĉ िजलŌ म¤ िचिĹत िकए गए फजê या अपाý लाभािथªयŌ कì कुल सं´या और िपछले पांच वषŎ के दौरान उनके िवŁĦ कì गई कारªवाई का िववरण िनÌनानुसार है: िजले का नाम िचिĹत लाभाथê राºय सरकार Ĭारा हटाए गए लाभाथê बरेली 1,27,725 55,498 बदायूं 96,349 36,116 शाहजहाँपुर 55,791 21,250 कासगंज 42,625 27,854 जौनपुर 1,19,478 36,789 एटा 50,207 34,492 (ग) : जनवरी, 2015 से िदसंबर, 2025 तक पीडीएस/टीपीडीएस (िनयंýण) आदेशŌ के ÿासंिगक खंडŌ के तहत उ°र ÿदेश राºय सरकार Ĭारा कì गई कारªवाई के पåरणाम दशाªने वाला Êयौरा िववरण म¤ िदया गया है। (घ) से (च) : एनएफएसए, 2013 कì धारा 29 के अनुसार, राºय सरकारŌ को सामािजक लेखा परी±ा, अिभलेखŌ का सावªजिनक ÿकटीकरण और लि±त सावªजिनक िवतरण ÿणाली कì कायªÿणाली कì सामुदाियक िनगरानी सिहत पारदिशªता और जवाबदेही तंý Öथािपत करना आवÔयक है। इस संदभª म¤, úाम पंचायत जैसे Öथानीय िनकाय और उनके ÿितिनिध (úाम ÿधानŌ सिहत) लाभाथê सूिचयŌ के सÂयापन, सामािजक लेखा परी±ा और Öथानीय Öतर पर उिचत दर दुकानŌ के पयªवे±ण जैसी िनगरानी गितिविधयŌ से जुड़े हो सकते ह§। इसके अलावा, टीपीडीएस (िनयंýण) आदेश, 2015 राºयŌ/संघ राºय ±ेýŌ को राºय, िजला, Êलॉक और उिचत दर दुकान के Öतर पर सतकª ता सिमितयां Öथािपत करने का अिधदेश देता है, तािक पीडीएस कì कायªÿणाली का िनयिमत पयªवे±ण िकया जा सके और खाīाÆन िवतरण म¤ पारदिशªता तथा जवाबदेही सुिनिIJत कì जा सके। इन सतकªता सिमितयŌ का उĥेÔय उिचत दर दुकानŌ और िवतरण ÿणाली कì कायªÿणाली कì िनगरानी के िलए Öथानीय िनकायŌ, जन ÿितिनिधयŌ और अÆय सामुदाियक िहतधारकŌ के ÿितिनिधयŌ को शािमल करना है। 11.03.2026 482 िववरण जनवरी, 2015 से िदसंबर, 2015 तक पीडीएस/टीपीडीएस (िनयंýण) आदेशŌ के ÿासंिगक खंडŌ के तहत उ°र ÿदेश राºय सरकार Ĭारा कì गई कारªवाई के पåरणामŌ को दशाªने वाला Êयौरा राºय/संघ राºय ±ेý का नाम वषª िनरी±णŌ कì सं´या मारे गए छापŌ कì सं´या िगरÉतार/मुकदमा चलाए गए/दोष िसĦ ÓयिĉयŌ कì सं´या िनलंिबत/रĥ उिचत दर दुकान लाईस¤स/जारी िकए गए कारण बताओं नोिटस/दजª ÿाथिमिकयŌ कì सं´या उ°र ÿदेश 2015 45376 * 1009 6665 2016 62322 6961 887 6545 2017 29804 3141 557 2461 2018 (अÿैल 18 – माचª, 19) 138302 * 3385 9419 2019-20 150970 2343 1086 6404 2020-21 153393 14329 1199 6506 2021-22 116734 11207 573 5026 2022-23 108662 10312 716 4245 2023 28237 2684 122 820 2024 * * * * 2025 * * * * *राºय सरकार Ĭारा सूचना उपलÊध नहé कराई गई। जैतापुर परमाणु ऊजाª पåरयोजना 3052. ®ी ओमÿकाश भूपालिसंह उफª पवन राजेिनंबालकर: ®ी अरिवंद गणपत सावंत: ³या ÿधान मंýी यह बताने कì कृपा कर¤गे िक :- (क) जैतापुर परमाणु ऊजाª संयंý पåरयोजना कì वतªमान िÖथित ³या है; (ख) ³या उĉ पåरयोजना से ÿभािवत िकसानŌ, मछली पकड़ने वाले समुदायŌ और Öथानीय िहतधारकŌ के िलए जन सुनवाई, पयाªवरणीय ÿभाव मूÐयांकन म¤ पारदिशªता और आजीिवका आĵासन कायªøमŌ जैसे कोई िवĵास बहाली के उपाय आरंभ िकए गए ह§ 11.03.2026 483 अथवा ÿÖतािवत ह§ और यिद हां, तो तÂसंबंधी Êयौरा ³या है; (ग) ³या िनरंतर Öथानीय िवरोध को देखते हòए महाराÕů म¤ वैकिÐपक ÖथलŌ कì तलाश कì गई है; (घ) यिद हां, तो Öथल चयन अÅययन, भूवै²ािनक/भूकंपीय मानदंडŌ का Êयौरा ³या है और इसकì वतªमान िÖथित ³या है; (ङ) ³या पåरयोजना ÿभािवत ÓयिĉयŌ के िलए मुआवजे और पुनवाªस पैकेजŌ को बढ़ाने का कोई ÿÖताव है और यिद हां, तो कौशल ÿिश±ण और वैकिÐपक भूिम जैसे अितåरĉ लाभŌ के साथ-साथ अनुमोिदत, िवतåरत और लंिबत िनिध का Êयौरा ³या है; और (च) समुþी पाåरिÖथितकì, मÂÖय संसाधनŌ के संर±ण और तटीय जैव िविवधता संर±ण के िलए िनगरानी तंý, मछुआरा सहायता योजनाओं और पाåरिÖथितक बहाली उपायŌ का Êयौरा ³या है? िव²ान और ÿौīोिगकì मंýालय के राºय मंýी; पृÃवी िव²ान मंýालय के राºय मंýी; ÿधानमंýी कायाªलय म¤ राºय मंýी; कािमªक, लोक िशकायत और प¤शन मंýालय म¤ राºय मंýी; परमाणु ऊजाª िवभाग म¤ राºय मंýी; तथा अंतåर± िवभाग म¤ राºय मंýी (डॉ. िजत¤þ िसंह): (क) : वतªमान म¤ Āांसीसी प± के साथ एक Óयवहायª पåरयोजना ÿÖताव तैयार करने के िलए चचाª जारी है। (ख) : हां। पåरयोजना कì Óयापक पयाªवरणीय ÿभाव आकलन (ईआईए) åरपोटª को सावªजिनक ±ेý म¤ उपलÊध कराया गया और ईआईए अिधसूचना 2006 कì आवÔयकताओं के अनुłप जन सुनवाई भी आयोिजत कì गई। Öथल और संयंý कì संर±ा के बारे म¤ कुछ लोगŌ कì आशंकाओं, पुनवाªस से संबंिधत मुĥे और मÂÖय पालन और बागवानी जैसे पारंपåरक आजीिवका साधनŌ के संभािवत नुकसान से संबंिधत िचंताओं का समाधान, सुÓयविÖथत जन-जागłकता कायªøमŌ Ĭारा Öथानीय भाषा म¤ और िवĵसनीय तरीके से बहòआयामी ŀिĶकोण अपनाकर िकया गया है। (ग) और (घ) : िवभाग को राºय सरकार से वैकिÐपक Öथल के िलए कोई ÿÖताव ÿाĮ नहé हòआ 11.03.2026 484 है। (ङ) : इस संदभª म¤ मुआवजा और पुनवाªस पैकेज राºय सरकार के परामशª से तैयार िकया गया है और राºय सरकार Ĭारा िनधाªåरत धन रािश को एनपीसीआईएल ने जमा कर िदया है। वतªमान म¤ इसे बढ़ाने का कोई ÿÖताव नहé है। पुनवाªस एवं पुनÖथाªपन (आर एंड आर) पैकेज के अनुसार, महाराÕů राºय आर व आर नीित के तÂकालीन ÿावधानŌ के अनुसार कुल 14.77 करोड़ Łपए, भूिम के मुआवजे हेतु एनपीसीआईएल Ĭारा वषª 2010 म¤ जमा कर िदया गया है। महाराÕů सरकार ने वषª 2013 म¤ अिधúिहत सभी ®ेिणयŌ कì भूिम के िलए 22.5 लाख Łपए ÿित हे³टेयर का अितåरĉ मुआवजा (अनुúह रािश) देने कì घोषणा कì। एनपीसीआईएल Ĭारा राºय ÿािधकरणŌ के पास कुल 211 करोड़ Łपए कì अनुúह रािश जमा कì गई। एनपीसीआईएल ने िदनांक 16 अ³टूबर, 2010 को महाराÕů सरकार के साथ पुनवाªस पैकेज पर एक समझौते पर भी हÖता±र िकए। (च) : पåरयोजना के िलए पयाªवरण मंजूरी के अनुपालन के भाग के łप म¤ एक जैव िविवधता संर±ण योजना और मÂÖय पालन के िलए िवशेष योजना तैयार कì गई है और इसे पयाªवरण, वन और जलवायु पåरवतªन मंýालय (एमओईएफ एंड सीसी) Ĭारा Öवीकार िकया गया है। LOW UTILISATION OF BUDGET 3053. SHRI KIRTI AZAD: Will the Minister of COMMUNICATIONS be pleased to state: (a) the reasons for the low utilization of budget allocations during FY 2024- 25, with only 6% of funds allocated to the BSNL/MTNL Revival Plan, 23% for BharatNet and 8% for the Connectivity for Indian Railways (CIOR) scheme spent; (b) the details of project deadlines and measurable output milestones introduced following repeated Standing Committee observations 11.03.2026 485 regarding underutilization; and (c) whether the Department has operationalized any risk-based or performance-linked budget monitoring mechanism since the said observations and if so, the details thereof? THE MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF RURAL DEVELOPMENT; AND MINISTER OF STATE IN THE MINISTRY OF COMMUNICATIONS (DR. CHANDRA SEKHAR PEMMASANI): (a): In FY 2024-25, the utilization of funds against Revised Estimates (RE) was 99.87% in BSNL/MTNL Revival Plan, 61.46% in Bharat Net and 72.06% in Prevention of Spoofed Incoming International Calls System (CIOR). The reasons for 61.46% utilization of funds in FY 2024-25 in respect of Bharat Net is due to delay in finalization of bids for implementation of Amended BharatNet Program (ABP) by BSNL, which is Project Management Agency for ABP. (b): BharatNet project is being implemented in a phased manner to provide broadband connectivity to all the Gram Panchayats (GPs) and villages in the country. As of Feb-2026, 2,17,805 GPs have been made service ready under BharatNet project in the country. Further, Amended BharatNet Program (ABP) approved by the Government is under implementation for up-gradation of existing network of BharatNet Phase-I and Phase-II, creation of network in balance GPs, Operation and Maintenance for 10 years and connectivity to remaining non-GP villages on demand basis from their respective GPs. (c): The physical and financial progress in respect of Projects/Schemes is regularly monitored at highest level to ensure optimal utilization of funds. 11.03.2026 486 RIGHT TO REPAIR 3054. SHRI VIJAYAKUMAR ALIAS VIJAY VASANTH:
वक्ता Bhartruhari Mahtab
कब कहा
किस वाद-विवाद में Ruling regarding Notices of Adjournment Motion
Bhartruhari MahtabSession ls-18-s7Ruling regarding Notices of Adjournment MotionLok Sabha Proceedings